हरिद्वार: पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड में मदरसा शिक्षा को लेकर बड़ा फैसला लेते हुए मदरसा बोर्ड को भंग करने का ऐलान किया है। रविवार को हरिद्वार दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री ने कहा कि आगामी शैक्षणिक सत्र से प्रदेश में संचालित सभी मदरसों में उत्तराखंड शिक्षा बोर्ड का पाठ्यक्रम लागू किया जाएगा। जो मदरसे इस व्यवस्था का पालन नहीं करेंगे, उन्हें बंद कर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री यह घोषणा हरिद्वार स्थित अखंड परमधाम आश्रम में आयोजित स्वामी परमानंद गिरि की 71वीं सन्यास जयंती समारोह के दौरान संतों को संबोधित करते हुए की। उन्होंने कहा कि राज्य में शिक्षा व्यवस्था को एकरूप और पारदर्शी बनाने के लिए यह कदम उठाया गया है।
इस मौके पर स्वामी कैलाशानंद गिरि ने सरकार के निर्णय का समर्थन करते हुए कहा कि “उत्तराखंड देवभूमि है और यहां किसी भी प्रकार के मदरसों की आवश्यकता नहीं है।” वहीं चिदानंद मुनि ने भी शिक्षा में समानता और गुणवत्ता को जरूरी बताते हुए सरकार के प्रयासों की सराहना की।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में संत-महात्मा और श्रद्धालु मौजूद रहे। मुख्यमंत्री के इस फैसले को प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव माना जा रहा है।




