उत्तराखण्ड

ब्रेकिंग-:टाइगर और गुलदार के बाद अब वन विभाग ने किया सांड को ट्रेंकुलाइजर,अस्पताल में चल रहा है इलाज,कई लोगों को कर चुका है घायल ।।

लालकुआं-: अक्सर सुनने को आता था कि ट्रेंकुलाइजर गन का इस्तेमाल टाइगर,गुलदार के रेस्क्यू के लिए करना पड़ता था लेकिन लालकुआं में एक अनोखा मामला देखने को आया जब वन विभाग की ट्रेंकुलाइजर टीम ने रेबीज से पीड़ित छुट्टा सांड को काबू करने के लिए किया । उक्त सांड पिछले 3 दिनों से क्षेत्र में कई लोगों को चोटिल कर चुका था जबकि एक युवक सांड के हमले से ट्रक की चपेट में आ गया और वह घायल हो गया जिसे उपचार के लिए हल्द्वानी भेजा गया इसके अलावा मॉर्निंग वाक में निकले एक समाजसेवी भी सांड के गुस्से का शिकार बने साथ ही एक महिला को भी सांड ने पटक कर घायल कर दिया वह भी अपना अस्पताल में उपचार करा रही है इसके अलावा ऐसे कई लोग थे जो इस सांड की चपेट में आए।
जिसके बाद स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना उप जिलाधिकारी मनीष कुमार को दी जिन्होंने वन संरक्षक पश्चिमी वृत दीपचंद आर्य को इस स्थिति से अवगत कराया साथ ही पशुपालन विभाग के अपर निदेशक भुवन कर्नाटक ने पशु विभाग को निर्देशित किया जिसके बाद मौके पर पहुंची वन विभाग की रेस्क्यू टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद सांड को ट्रेंकुलाइज कर काबू में किया।

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तराई पूर्वी वन प्रभाग डौली रेंज के वन क्षेत्राधिकारी अनिल जोशी ने बताया कि सूचना के बाद पश्चिमी वृत के पशु चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर आयुष उनियाल रेस्क्यू सेंटर रानीबाग के डॉ एन सी पांगती ने बीमार सांड को ट्रेंकुलाइजर किया तथा लालकुआं नगर पंचायत के अध्यक्ष लालचंद के दिशा निर्देशन में नगर पंचायत की टीम में शामिल सफाई नायक श्रीपाल, सोनू भारती, वरुण प्रकाश के अलावा तराई पूर्वी वन प्रभाग डौली रेंज के दिनेश तिवारी,अर्जुन भाकुनी,मनोज मेहरा सहित स्थानीय लोगों ने पशु चिकित्सा अधिकारी की देखरेख में उसे पशु अस्पताल पहुंचाया जहां पर उसका इलाज किया जा रहा है श्री जोशी ने कहा कि रेबीज से पीड़ित सांड को जंगल में छोड़ना खतरनाक साबित हो सकता है इसलिए पशु विभाग अस्पताल परिसर में सांड के स्वास्थ्य पर नजर रखे हुए हैं।

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