चम्पावत
विकास भवन में कार्यप्रणाली की समीक्षा, अनुपस्थित कर्मचारियों पर मुख्य विकास अधिकारी सख्त
सीडीओ डॉ. जी. एस. खाती का औचक निरीक्षण, 5 अनुपस्थित कार्मिकों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी. एस. खाती ने विकास भवन स्थित विभिन्न विभागों का औचक निरीक्षण कर विभागीय कार्यप्रणाली तथा कार्मिकों की उपस्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान जिला विकास अधिकारी कार्यालय में 2 कार्मिक, पंचस्थानी कार्यालय में 1, ग्रामीण निर्माण विभाग में 1 तथा उद्यान विभाग में 1 कार्मिक अनुपस्थित पाए गए।
इस पर मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित कार्मिकों के विरुद्ध स्पष्टीकरण जारी करने तथा संतोषजनक उत्तर न मिलने की स्थिति में वेतन रोकने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने विकास भवन में साफ-सफाई की स्थिति पर विशेष ध्यान दिया। शौचालयों का निरीक्षण कर गंदे स्थलों को तत्काल साफ कराने के निर्देश दिए गए, ताकि आमजन एवं कर्मचारियों को स्वच्छ वातावरण मिल सके।
इसके अतिरिक्त मुख्य विकास अधिकारी ने विकास भवन में आए आगंतुकों से संवाद कर उन्हें होने वाली समस्याओं की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को त्वरित समाधान हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने सभी अधिकारियों को अपने-अपने कार्यालयों में टूर रजिस्टर बनाने एवं उसका नियमित रूप से संधारण (मेंटेन) करने के निर्देश दिए, ताकि भ्रमण एवं अनुपस्थिति से संबंधित विवरण पारदर्शी रूप से दर्ज किया जा सके।
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि कार्यालय को सुव्यवस्थित एवं प्रभावी रूप से संचालित करना केवल अधिकारियों ही नहीं, बल्कि प्रत्येक संबंधित कार्मिक की भी जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी कार्मिकों को अपने-अपने दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करते हुए समयबद्ध रूप से अपने पटल के कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
साथ ही, विकास भवन में ड्राइवरों के बैठने हेतु कोई उपयुक्त स्थल उपलब्ध न होने की स्थिति को देखते हुए, मुख्य विकास अधिकारी ने जिला विकास अधिकारी को इस संबंध में कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि ड्राइवरों के लिए समुचित एवं व्यवस्थित बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।
इस दौरान जिला विकास अधिकारी श्री दिनेश डिगारी, श्री आर. एस. सामंत सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी व कार्मिक उपस्थित रहे।




