देहरादून
उत्तराखंड में 2027 के विधानसभा चुनाव अब 11 महीने से भी कम समय दूर हैं। ऐसे में मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami के मंत्रिमंडल में हाल ही में शामिल किए गए नए मंत्रियों के सामने अपनी क्षमता साबित करने की बड़ी चुनौती है। लगातार दूसरी बार राज्य के मुख्यमंत्री बनने के करीब चार साल बाद धामी ने लंबे समय से प्रतीक्षित कैबिनेट विस्तार करते हुए शुक्रवार को खजान दास, मदन कौशिक, भारत सिंह चौधरी, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैड़ा को मंत्री बनाया।
नए मंत्रियों में भारत सिंह चौधरी, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैड़ा पहली बार मंत्री बने हैं, जबकि अनुभवी Madan Kaushik चौथी बार मंत्री बने हैं। उन्हें Ramesh Pokhriyal Nishank, Bhuwan Chandra Khanduri और Trivendra Singh Rawat के कार्यकाल में मंत्री के रूप में काम करने का अनुभव है। वहीं खजान दास भी निशंक और खंडूरी सरकार में मंत्री रह चुके हैं।
कैबिनेट में शामिल होने के बाद अब इन नए मंत्रियों को तेजी से काम करना होगा। राज्य में विधानसभा चुनावों के लिए आचार संहिता दिसंबर 2026 या अगले साल जनवरी में लागू होने की संभावना है। ऐसे में उनके पास अपनी कार्यक्षमता दिखाने के लिए केवल लगभग 10 महीने का समय है।
इस कम समय में मंत्रियों को न केवल अपने-अपने विभागों को समझना होगा, बल्कि अधिकारियों के साथ तालमेल बैठाकर योजनाओं को लागू भी करना होगा। साथ ही, उनके विधानसभा क्षेत्रों में जनता की अपेक्षाएं भी काफी बढ़ गई हैं, जिन्हें पूरा करना उनके लिए बड़ी चुनौती होगी। इसके अलावा, उन्हें राज्यभर में पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ तालमेल बनाकर संगठन के साथ मिलकर काम करना होगा, क्योंकि चुनाव अब ज्यादा दूर नहीं हैं।




