Uttarakhand city news Ramnagar
उत्तराखंड में वन्यजीवों के आपसी संघर्ष में एक बाघिन की मौत हो गई इससे कॉर्बेट प्रशासन ने हड़कंप मच गया घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंच कॉर्बेट प्रशासन ने मृत बाघिन को कब्जे में लेकर उसे शव विच्छेदन के लिए ढेला रेस्क्यू सेंटर भेज दिया रविवार को प्रातः लगभग 7:15 बजे कार्बेट टाइगर रिजर्व की ढेला रेंज अन्तर्गत ढेला भाबर सैक्शन के पथरुवा पूर्वी बीट में क० सं०-06 ढेला ग्राम आवादी सीमा के समीप गश्ती दल को गश्त के दौरान एक मृत बाधिन का शव मिला। गश्ती दल द्वारा तत्काल घटना की सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई तथा घटनास्थल के आस पास सघन कॉम्बिंग की गई। घटनास्थल का निरीक्षण उपनिदेशक , कार्बेट टाइगर रिजर्व, उप प्रभागीय वनाधिकारी, कालागढ़ ने किया । कॉम्बिंग के दौरान घटनास्थल के आस पास हाथी व बाघ के पदचिन्ह मिले तथा किसी प्रकार की कोई संदिग्ध वस्तु घटना स्थल के आस-पास नहीं पायी गयी। बाघ के शव का निरीक्षण करने पर सभी अंग मौके पर सुरक्षित पाये गये।
तत्पश्चयात् बाघ के शव को पोस्टमार्टम हेतु ढेला रेन्ज अन्तर्गत रेस्क्यू सेन्टर ले जाया गया जहा राष्ट्रीय व्याघ्र संरक्षण प्राधिकरण द्वारा जारी एस०ओ०पी० में दिये गये निर्देशों के अनुसार शव विच्छेदन हेतु गठित समिति के सदस्यों डॉ० दुष्यन्त शर्मा, वरिष्ठ पशु चिकित्साधिकारी, कार्बेट टाइगर रिजर्व तथा डॉ० राजीव कुमार, पशु चिकित्साधिकारी, रामनगर द्वारा सैम्पल एकत्रित कर शव विच्छेदन किया गया। जिन्हें परीक्षण हेतु डब्ल्यू०आई०आई० भेजा गया। बाधिन की मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता शव विच्छेदन की रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरान्त चल पायेगा। शव विच्छेदन के उपरान्त गठित समिति के सदस्यों राहुल मिश्रा, उपनिदेशक कार्बेट टाइगर रिजर्व, बिन्दर पाल, उप प्रभागीय वनाधिकारी, कालागढ़ उपप्रभाग, कुन्दन सिंह खाती, एन०टी०सी०ए० द्वारा नामित सदस्य, दीपक कुमार आर्या, द कार्बेट फाउण्डेशन प्रतिनिधि, सोहनी साहा, WWF, नवीन चन्द्र पाण्डे, वनक्षेत्राधिकारी ढेला की उपस्थिति में एन०टी०सी०ए० के मानकों के अनुरूप शव को समस्त अंगों सहित जलाकर निस्तारित कर दिया गया।
